देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में सहकारिता, स्वास्थ्य, रोजगार, ऊर्जा, शहरी विकास, कर्मचारियों और पूर्व सैनिकों से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने उत्तराखंड राज्य सहकारिता नीति-2026 को प्रख्यापित करने, उपनल कर्मचारियों को चरणबद्ध तरीके से समान कार्य के लिए समान वेतन देने और शहीद सैनिकों की प्रतिमाएं उनके पैतृक गांवों में स्थापित करने सहित कई प्रस्तावों को मंजूरी दी।
सहकारिता क्षेत्र के लिए नई नीति
राष्ट्रीय सहकारी नीति-2025 के अनुरूप राज्य में उत्तराखंड राज्य सहकारिता नीति-2026 लागू की जाएगी। नीति का उद्देश्य सहकारी संस्थाओं को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह, तकनीक-सक्षम और व्यावसायिक रूप से सक्षम बनाना है।
नीति में सात रणनीतिक मिशन तय किए गए हैं। इनमें सहकारी संस्थाओं की नींव मजबूत करना, नई पीढ़ी को सहकारिता से जोड़ना, महिला एवं युवा सशक्तिकरण, नए क्षेत्रों में सहकारिता का विस्तार तथा आर्थिक व्यवहार्यता और विविधीकरण प्रमुख हैं। कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों में मूल्य श्रृंखला विकसित करने, रोजगार बढ़ाने और पलायन को रोकने पर भी जोर दिया जाएगा।
उपनल कर्मचारियों को समान काम-समान वेतन
कैबिनेट ने उपनल कर्मचारियों के लिए समान कार्य के लिए समान वेतन की प्रक्रिया को तीन चरणों में आगे बढ़ाने पर सहमति दी है। पहले चरण में 1 जनवरी 2016 से पूर्व नियुक्त कर्मचारियों पर कार्रवाई चल रही है।
1 जनवरी 2016 से 12 नवंबर 2018 तक नियुक्त कर्मचारियों के लिए कार्रवाई 9 नवंबर 2026 से शुरू होगी, जबकि 13 नवंबर 2018 से 15 अक्टूबर 2024 तक नियुक्त कर्मचारियों के लिए समान कार्य-समान वेतन की प्रक्रिया 1 अप्रैल 2027 से शुरू की जाएगी।
इसके अलावा 1 जनवरी 2016 से पहले से कार्यरत और वर्तमान में सेवाओं में बने उपनल कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन और महंगाई भत्ते का लाभ देने का भी निर्णय लिया गया है। अतिरिक्त उपनल कर्मचारियों के समायोजन के लिए शासन स्तर पर अलग व्यवस्था किए जाने की बात भी कही गई है।
शहीद सैनिकों की पैतृक भूमि पर स्थापित होंगी प्रतिमाएं
कैबिनेट ने राज्य के शहीद सैनिकों के सम्मान में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए उनकी प्रतिमाएं पैतृक गांवों में स्थापित करने पर सहमति दी है। सरकार का उद्देश्य शहीदों के बलिदान और वीरता को नई पीढ़ी तक पहुंचाना तथा उनके परिजनों के प्रति सम्मान व्यक्त करना है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में मेडिकल सप्लाई कॉर्पोरेशन
प्रदेश में दवाओं, सर्जिकल सामग्री, रसायन, चिकित्सा उपकरण और इंप्लांट की समयबद्ध एवं पारदर्शी खरीद के लिए उत्तराखंड मेडिकल सप्लाईज कॉर्पोरेशन के गठन के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इससे स्वास्थ्य विभाग में आवश्यक चिकित्सा सामग्री की खरीद को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में मदद मिलेगी।
हरिद्वार में NCDC शाखा के लिए जमीन
राज्य में राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (NCDC) की शाखा स्थापित करने के लिए राजकीय मेडिकल कॉलेज, हरिद्वार की 65 एकड़ भूमि में से एक एकड़ भूमि 99 वर्ष के लिए एक रुपये की लीज पर दिए जाने को कैबिनेट ने मंजूरी दी है।
NCDC शाखा से रोग निगरानी, महामारी की जांच और संक्रमण फैलने की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता मजबूत होगी। शाखा में BSL-3 स्तर की सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
रिस्पना किनारे की मलिन बस्ती के परिवारों को मिलेंगे आवास
देहरादून में रिस्पना नदी के किनारे बसी मलिन बस्ती के चयनित परिवारों को काठबंगला में बनाए गए 116 आवास आवंटित किए जाएंगे। कैबिनेट ने नगर निगम, देहरादून द्वारा चयनित लाभार्थियों को आवास देने के प्रस्ताव पर सहमति प्रदान कर दी है।
शहरी विकास के लिए 94 अस्थायी पद
यूयूएसडीए के माध्यम से विभिन्न नगर निकायों में चल रही सीवरेज, पेयजल, सड़क, स्ट्रीट लाइट, ई-बस, घाट सौंदर्यीकरण और अन्य परियोजनाओं के संचालन के लिए संगठनात्मक ढांचे के पुनर्गठन को मंजूरी दी गई है। इसके तहत 94 अस्थायी गैर-संवर्गीय पद सृजित किए जाएंगे।
अग्निवीरों के लिए बनेगा समर्पित प्रकोष्ठ
सेवामुक्त अग्निवीरों को राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए शासन स्तर पर समर्पित प्रकोष्ठ बनाया जाएगा। इसके लिए छह संविदा पदों के सृजन को मंजूरी दी गई है। इनमें एक उप निदेशक, दो सहायक निदेशक, दो कनिष्ठ सहायक और एक डाटा एंट्री ऑपरेटर शामिल हैं।
उत्तराखंड को 1320 मेगावाट बिजली खरीद की मंजूरी
ऊर्जा सुरक्षा और विश्वसनीय बेस-लोड बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 1320 मेगावाट कोयला आधारित बिजली खरीद को मंजूरी दी गई है। अडानी पावर लिमिटेड से ₹5.746 प्रति यूनिट के कुल टैरिफ पर 25 वर्षों के लिए बिजली खरीद का प्रस्ताव स्वीकृत किया गया है। इसमें 1234 मेगावाट अनुबंधित क्षमता होगी।
CNG और हाइब्रिड वाहनों पर ग्रीन सेस में बदलाव
कैबिनेट ने CNG और हाइब्रिड वाहनों को वर्तमान में मिल रही मोटर वाहन कर छूट को समाप्त कर उन्हें चरणबद्ध तरीके से कराधान के दायरे में लाने के प्रस्ताव पर भी निर्णय लिया है। सरकार का तर्क है कि इन वाहनों को दी जा रही छूट से राज्य के राजस्व पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
आबादी क्षेत्रों का आधुनिक सर्वेक्षण
राज्य में शहरी एवं आबादी क्षेत्रों के भूमि अभिलेखों को आधुनिक तकनीक से तैयार करने के लिए उत्तराखंड आबादी सर्वेक्षण और अभिलेख संक्रिया नियमावली-2026 प्रख्यापित की जाएगी। इसमें आधुनिक सर्वेक्षण और GIS तकनीक के जरिए अधिक सटीक भू-अभिलेख तैयार करने पर जोर रहेगा।
22 तृतीय और 63 चतुर्थ श्रेणी कर्मियों के स्थानांतरण का प्रस्ताव
उत्तराखंड सीड्स एंड तराई डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के 22 तृतीय श्रेणी और 63 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को ऊधमसिंह नगर और आसपास के जिलों के विभिन्न विभागों में सेवा स्थानांतरण के आधार पर भेजने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इसका उद्देश्य निगम के प्रशासनिक एवं वेतन खर्च को कम कर उसकी वित्तीय स्थिति मजबूत करना है।
अन्य प्रमुख फैसले
कैबिनेट ने चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण सांख्यिकीय संवर्ग के लिए वर्ष 2026 की सेवा नियमावली, कारागार उप कारापाल सेवा संशोधन नियमावली और लोकायुक्त खोजबीन समिति के कार्यकलापों से संबंधित नियमावली को भी मंजूरी दी।
इसके अलावा उत्तरांचल विश्वविद्यालय परिनियम-2026 के प्रख्यापन तथा कैंसर मरीजों के लिए Hospice Care Center स्थापित करने हेतु अंत्योदय फाउंडेशन को संपत्ति हस्तांतरण पर ₹8.87 लाख की स्टाम्प ड्यूटी में छूट देने के प्रस्ताव पर भी निर्णय लिया गया।
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