TMP: CM Pushkar Singh Dhami ने शुक्रवार को Parade Ground में आयोजित महिला जन आक्रोश रैली में प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होंने हजारों महिलाओं के साथ परेड ग्राउंड से Ghanta Ghar तक पदयात्रा कर मातृशक्ति के साथ एकजुटता दिखाई।
रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने Narendra Modi के नेतृत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि मातृशक्ति को लोकतांत्रिक अधिकार दिलाने के उद्देश्य से नारी शक्ति वंदन अधिनियम लाया गया था, लेकिन लोकसभा में संख्या बल के अभाव में यह पारित नहीं हो सका। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाते हुए कहा कि “षड्यंत्र के तहत महिलाओं के अधिकारों को रोका गया है।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देश की महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति सजग हैं और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने के लिए तैयार हैं। उन्होंने केंद्र सरकार की योजनाओं—बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, उज्ज्वला योजना, जन धन योजना, स्टार्टअप योजना और लखपति दीदी योजना—का जिक्र करते हुए कहा कि इन पहलों ने महिलाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त किया है। साथ ही ट्रिपल तलाक जैसी कुप्रथा को समाप्त कर महिलाओं को नई दिशा दी गई।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने महिलाओं को “नए भारत के निर्माण का आधार” माना है और आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं—चाहे वह सर्वोच्च संवैधानिक पद हो या वित्त मंत्रालय जैसा महत्वपूर्ण दायित्व।
राज्य स्तर पर भी सरकार द्वारा कई कदम उठाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि उत्तराखंड में सरकारी सेवाओं में 30% आरक्षण लागू किया गया है। महिलाओं की सुरक्षा और अधिकारों के लिए समान नागरिक संहिता लागू की गई है। साथ ही ग्रामीण आजीविका मिशन, सशक्त बहना उत्सव योजना और महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना के जरिए महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 2.65 लाख से अधिक महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, विधायक सविता कपूर, आशा नौटियाल, रेनू बिष्ट, रुचि भट्ट, दीप्ति रावत, नेहा जोशी सहित बड़ी संख्या में महिलाएं मौजूद रहीं।