टनकपुर (चंपावत): मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को शारदा घाट, टनकपुर में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेते हुए ₹20.50 करोड़ की 10 विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने चंपावत जिले के लिए दो बड़ी घोषणाएं कीं — पंतनगर की तर्ज पर कृषि विश्वविद्यालय की स्थापना और छीनीगोठ क्षेत्र में बाढ़ राहत एवं सुरक्षा कार्यों की शुरुआत।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि छीनीगोठ और आसपास के इलाकों में बाढ़ राहत कार्यों से यह क्षेत्र मानसूनी क्षति से सुरक्षित रहेगा और इससे कृषि भूमि व सार्वजनिक संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि इन कार्यों के पूरा होने से स्थानीय लोगों को हर साल आने वाली आपदा की समस्या से बड़ी राहत मिलेगी।
चंपावत में नया कृषि विश्वविद्यालय
मुख्यमंत्री धामी ने ऐलान किया कि पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय की तर्ज पर चंपावत में एक नया कृषि विश्वविद्यालय स्थापित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इस विश्वविद्यालय से स्थानीय युवाओं को कृषि एवं संबद्ध विज्ञानों में उच्च शिक्षा और अनुसंधान के अवसर मिलेंगे। साथ ही यह संस्थान क्षेत्र में वैज्ञानिक खेती और आधुनिक कृषि तकनीक को बढ़ावा देगा, जिससे पर्वतीय कृषि अर्थव्यवस्था को नई पहचान मिलेगी।
धामी ने कहा, “ये दोनों घोषणाएं चंपावत को शिक्षा, कृषि और आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में सशक्त बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कदम हैं। राज्य सरकार का लक्ष्य है कि सीमांत जिलों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जाए।”
चंपावत बनेगा आदर्श जिला
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का संकल्प है कि उत्तराखंड हर क्षेत्र में अग्रणी राज्य बने। शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, उद्यान, रोजगार और स्वरोजगार के क्षेत्र में निरंतर काम हो रहा है। उन्होंने कहा, “चंपावत में विकास की रफ्तार लगातार बढ़ी है और हमारा लक्ष्य इसे आदर्श जिला के रूप में स्थापित करना है।”
कार्यक्रम में बड़ी भागीदारी
शारदा घाट में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान दायित्वधारी श्याम नारायण पांडे, शंकर कोरंगा, जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी, ब्लॉक प्रमुख अंचला बोहरा, भाजपा जिला अध्यक्ष गोविंद सामंत, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक अजय गणपति सहित अन्य अधिकारी और स्थानीय लोग मौजूद रहे।
