भराड़ीसैंण (गैरसैंण): विधानसभा सत्र के दौरान प्रस्तुत 5315 करोड़ रुपये के अनुपूरक बजट को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मीडिया से वार्ता की। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मंत्र को आत्मसात करते हुए तैयार किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज़ नहीं, बल्कि सतत और समावेशी विकास, नवाचार और आर्थिक सुदृढ़ता की दिशा में सरकार का संकल्प है। राज्य सरकार का फोकस मानव पूंजी में निवेश और हर वर्ग के विकास पर है।
किन-किन क्षेत्रों को मिला बजटीय प्रावधान
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किसान, श्रमिक, गरीब, महिला, युवा, सुरक्षा बल और पत्रकारों के कल्याण पर विशेष ध्यान
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विद्युत टैरिफ सब्सिडी, स्वास्थ्य योजनाएं, प्रधानमंत्री आवास योजना
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पुलिसकर्मियों के आवास, तीमारदारों के विश्राम गृह
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शहीद व पत्रकार कल्याण कोष
आपदा न्यूनीकरण और पर्यावरण संरक्षण
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड जैसे आपदा संवेदनशील राज्य में भू-धसाव, भूकंप जोखिम, स्प्रिंग मैपिंग और आपदा राहत के लिए प्रभावी बजटीय प्रावधान किए गए हैं। सरकार का लक्ष्य इकोलॉजी और इकोनॉमी के बीच संतुलन बनाना है।
बुनियादी ढांचे और पर्यटन पर फोकस
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रिस्पना–बिंदाल एलिवेटेड रोड, पंतनगर एयरपोर्ट विस्तार, कुंभ मेला अवसंरचना
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पर्यटन विकास को मिलेगा नया आयाम
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ऋषिकेश को योग नगरी और हरिद्वार को आध्यात्मिक पर्यटन नगरी के रूप में विकसित करने की प्रतिबद्धता
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नंदा राजजात यात्रा और शारदा रिवर फ्रंट जैसे सांस्कृतिक आयोजनों को प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि यह अनुपूरक बजट नए उत्तराखंड की दिशा में एक और मजबूत कदम है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे इस विकास यात्रा में सरकार का साथ दें।
