बागेश्वर: केंद्र सरकार द्वारा गठित उच्च-स्तरीय अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय टीम (IMCT) ने सोमवार को बागेश्वर जिले के पौंसारी, बैसानी क्षेत्र और जगथाना मोटर मार्ग सहित आपदा प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। टीम का उद्देश्य आपदा से हुए जन-धन, आधारभूत संरचना, कृषि व आजीविका पर आए प्रभाव का व्यापक आकलन करना और राज्य सरकार के राहत व पुनर्वास प्रयासों की समीक्षा करना रहा।
टीम ने प्रभावित परिवारों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं का जायज़ा लिया। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन की राहत कार्यों की सराहना करते हुए पुनर्वास की मांग भी रखी।
निरीक्षण टीम में कृषि मंत्रालय निदेशक वीरेंद्र कुमार, केंद्रीय जल आयोग के अधीक्षण अभियंता सुधीर कुमार, वित्त मंत्रालय के अवर सचिव शेर बहादुर, एवं उत्तराखण्ड लैंडस्लाइड मिटिगेशन सेंटर के निदेशक डॉ. शांतनु सरकार शामिल थे।
टीम ने सड़कों, पुलों, सार्वजनिक भवनों, विद्युत एवं जल आपूर्ति लाइनों के साथ कृषि, फसलें, पशुधन और आजीविका साधनों के नुकसान का भी मुआयना किया। निरीक्षण के बाद केंद्रीय टीम ने कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी आशीष भटगांई से विस्तृत रिपोर्ट ली। इस दौरान ड्रोन शॉट्स से विभिन्न स्थानों पर हुई क्षति की तस्वीरें भी प्रस्तुत की गईं। टीम ने आश्वासन दिया कि विस्तृत प्रतिवेदन शीघ्र ही केंद्र सरकार को भेजा जाएगा ताकि प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्वास और विकास कार्यों के लिए आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
यह कदम बागेश्वर के आपदा प्रभावितों को राहत व पुनर्निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण मोड़ साबित होगा।
