देहरादून: यूकेएसएसएससी स्नातक स्तरीय परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर बेरोजगार युवाओं का गुस्सा थम नहीं रहा है। उत्तराखंड बेरोजगार संघ के बैनर तले सैकड़ों युवा परेड ग्राउंड के पास सड़क किनारे कल से धरने पर बैठे हुए हैं।
आज संघ का डेलिगेशन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिला और सीबीआई जांच, परीक्षा निरस्त कर दोबारा कराने तथा महिला पर दर्ज मुकदमे को वापस लेने की मांग रखी। लेकिन बातचीत किसी नतीजे पर नहीं पहुंची। इसके बाद युवाओं ने आंदोलन जारी रखने का एलान किया।
बेरोजगार संघ के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष बॉबी पंवार ने कहा, “जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, हम सड़क से नहीं हटेंगे। भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता बहाल करना ही आंदोलन का मकसद है।”
क्या है मामला?
21 सितंबर को हुई यूकेएसएसएससी परीक्षा शुरू होने के कुछ ही देर बाद प्रश्नपत्र के स्क्रीनशॉट वायरल हो गए। जांच में सामने आया कि असिस्टेंट प्रोफेसर सुमन तक पेपर खालिद मलिक ने पहुंचाया था। पुलिस ने खालिद मलिक, उसकी बहन साबिया समेत कई आरोपियों को गिरफ्तार किया। इससे पहले नकल माफिया हाकम सिंह की गिरफ्तारी ने भी परीक्षा की पारदर्शिता पर सवाल खड़े किए थे।
युवाओं का कहना है कि जब तक दोषियों को सजा और पूरी जांच सीबीआई से नहीं कराई जाती, आंदोलन तेज़ होता जाएगा।
