देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को गृह विभाग के अधीन 6 अत्याधुनिक फॉरेंसिक लैब वाहनों को मुख्यमंत्री आवास से फ्लैग ऑफ किया। ये वाहन अपराध स्थलों पर प्राथमिक जांच को त्वरित और सटीक बनाने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
“तत्काल जांच, सटीक परिणाम”
65 लाख रुपये की लागत वाले प्रत्येक फॉरेंसिक लैब वाहन में ड्रग डिटेक्शन किट, एक्सप्लोसिव किट, फिंगर प्रिंट किट, फुट प्रिंट किट, डीएनए किट, साइबर सुरक्षा सॉफ्टवेयर, जनरेटर और वीडियो कैमरा जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। इन वाहनों से अब किसी भी अपराधिक घटना स्थल पर तत्काल परीक्षण संभव होगा।
“पहले चरण में सात जिलों को मिला फायदा”
प्रथम चरण में ये वाहन देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल, उधमसिंह नगर, अल्मोड़ा और श्रीनगर भेजे जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि भविष्य में यह सुविधा सभी जिलों में उपलब्ध कराई जाएगी। इन वाहनों के लिए राज्य को केंद्र सरकार से 3.92 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्राप्त हुई है।
“स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में बड़ा कदम”
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल राज्य की अपराध जांच प्रणाली को स्मार्ट, त्वरित और विश्वसनीय बनाएगी।
कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य, रावत, गृह सचिव शैलेश बगौली, एडीजी और निदेशक फॉरेंसिक साइंस लैब अमित कुमार सिन्हा समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी और वैज्ञानिक उपस्थित रहे।