श्रीनगर गढ़वाल (पौड़ी): गढ़वाल घाटी में मौसम तेजी से बदल रहा है। पिछले दो दिनों से हल्की धुंध और लगातार बढ़ते तापमान ने गर्मी का असर तेज कर दिया है। वैज्ञानिकों के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ की निष्क्रियता और बढ़ती वनाग्नि घटनाएं इसके प्रमुख कारण हैं।
हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक डॉ. आलोक सागर गौतम और उनकी टीम की स्टडी में सामने आया है कि बीते एक सप्ताह में पहाड़ी क्षेत्रों में भी तापमान में करीब 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई है।
35 डिग्री के पार पहुंचा तापमान
हिमालयन एटमॉस्फेरिक एंड स्पेस फिजिक्स रिसर्च लैबोरेटरी के आंकड़ों के अनुसार 13 से 17 अप्रैल के बीच श्रीनगर में अधिकतम तापमान 35.44°C तक पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान 14.92°C दर्ज किया गया। औसत तापमान 24.33°C तक पहुंच चुका है।
वनाग्नि और धुंध बढ़ा रही गर्मी
वैज्ञानिकों का कहना है कि जंगलों में बढ़ती आग के कारण वातावरण में धुंध छा रही है, जिससे सूर्य की तपन अधिक महसूस हो रही है। साथ ही आर्द्रता में कमी (22% से 54% के बीच) के कारण वातावरण और अधिक शुष्क हो गया है।
आने वाले दिनों में राहत नहीं
विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दिनों में भी गर्मी का प्रकोप बना रह सकता है, क्योंकि फिलहाल मौसम में किसी बड़े बदलाव के संकेत नहीं हैं।
स्वास्थ्य विभाग की सलाह
डॉ. विमल गुसाईं ने लोगों को गर्मी से बचाव के लिए पर्याप्त पानी पीने, दोपहर की तेज धूप से बचने और डिहाइड्रेशन से बचाव हेतु ORS का उपयोग करने की सलाह दी है।
उन्होंने विशेष रूप से श्वसन रोगियों को सावधानी बरतने की अपील की है, क्योंकि धुंध और शुष्क मौसम से स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है।