काठमांडू: नेपाल के तिब्बत सीमा से लगे रसुवा जिले में बुधवार को आई भीषण फ्लैश फ्लड ने भारी तबाही मचा दी। पुलिस अधिकारियों के हवाले से रॉयटर्स ने बताया कि बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 95 हो गई है। वहीं, चीन के तिब्बत क्षेत्र में भी तीन लोगों की मौत हुई है और 250 से अधिक लोग लापता बताए जा रहे हैं।
बाढ़ के चलते रसुवा और तिब्बत के आसपास कई सड़कें, पुल और बिजली परियोजनाएं क्षतिग्रस्त हो गई हैं। प्रभावित इलाकों में बड़ी संख्या में लोग अब भी संपर्क से बाहर हैं।
398 पर्यटकों से संपर्क टूटा
नेपाल पर्यटन विभाग के संयुक्त सचिव जय नारायण आचार्य के अनुसार करीब 398 पर्यटक अपने टूर ऑपरेटरों के संपर्क में नहीं हैं। इनमें 133 भारतीय और 59 नेपाली पर्यटक शामिल हैं। प्रशासन को आशंका है कि प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों की संख्या और बढ़ सकती है।
नेपाल सरकार ने प्रभावित क्षेत्रों में फंसे लोगों को निकालने के लिए हेलीकॉप्टर भेजे हैं। हालांकि, रसुवा जिले के स्याफ्रुबेसी और टिमुरे में पानी का बहाव इतना तेज है कि हेलीकॉप्टरों को उतारना मुश्किल हो रहा है।
भोटेकोशी नदी किनारे रहने वालों को अलर्ट
जिला प्रशासन ने भोटेकोशी नदी के किनारे रहने वाले लोगों को तत्काल ऊंचे और सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है। अधिकारियों के मुताबिक कई गांव और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं से जुड़े स्थल बाढ़ की चपेट में आए हैं।
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने कहा कि पुलिस और सेना को राहत एवं बचाव अभियान में लगाया गया है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
भारत में भी अलर्ट, बिहार में NDRF तैनात
नेपाल में तबाही के बाद भारत ने भी सीमावर्ती इलाकों में सतर्कता बढ़ा दी है। बिहार के पश्चिम चंपारण और मुजफ्फरपुर में एनडीआरएफ की टीमें तैनात की गई हैं। अधिकारियों के मुताबिक राज्य में कुल 9 टीमें तैयार रखी गई हैं और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है।
हालांकि बाढ़ का पानी अभी भारत में नहीं पहुंचा है, लेकिन नेपाल सीमा से सटे इलाकों में एहतियातन कुछ स्थानों पर लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
तिब्बत में भी भारी नुकसान
चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के मुताबिक तिब्बत के ग्यिरोंग पोर्ट क्षेत्र में भी फ्लैश फ्लड से भारी नुकसान हुआ है। बाढ़ के कारण शिगात्से क्षेत्र में सड़क संपर्क, संचार और बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है।
चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने लापता लोगों की तलाश के लिए व्यापक बचाव अभियान चलाने और संभावित दूसरी आपदाओं को रोकने के लिए निगरानी तथा शुरुआती चेतावनी व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए हैं।
नेपाल और तिब्बत में जारी राहत एवं बचाव अभियान के बीच लापता लोगों की तलाश तेज कर दी गई है। खराब मौसम और तेज बहाव के कारण बचाव दलों के सामने भी बड़ी चुनौतियां बनी हुई हैं।

