नई दिल्ली: केंद्रीय शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा देने के दो दिन बाद धर्मेंद्र प्रधान जब पहली बार संसद पहुंचे, तो नजारा किसी सामान्य सांसद के स्वागत का नहीं, बल्कि ताकत के सार्वजनिक प्रदर्शन जैसा दिखा। संसद परिसर में भाजपा और एनडीए सांसदों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया, जिससे सियासी गलियारों में नए कयास शुरू हो गए हैं।
Related posts:
खलंगा जंगल पर कब्जा नहीं चलेगा!" – 40 बीघा वन भूमि पर अतिक्रमण से जनता भड़की, स्वाभिमान मोर्चा ने मो...
सीएस बायोफयूल उद्यमों से कच्चे माल के रूप में पिरूल के उपयोग के प्रस्ताव पर विचार करने के निर्देश
चारधाम यात्रा मार्ग पर खाद्य पदार्थों की होगी नियमित जांच, लापरवाह अधिकारियों पर भी गिरेगी गाज़- डॉ आ...
मुख्य सचिव ने स्किल हब सहसपुर का किया निरीक्षण, एक महीने में फुल कैपेसिटी से प्रशिक्षण चलाने के निर्...
त्रिपुरा में आदिवासी युवक की मौत के बाद भड़की हिंसा ,कई घरों और दुकानों में आगजनी और लूटपाट
(Visited 91 times, 91 visits today)
