चमोली: पंजाब में एक चौंकाने वाले मामले में चमोली जिले के कौब गांव निवासी राजेश के उत्पीड़न का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तुरंत संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी चमोली संदीप तिवारी को निर्देश दिए कि पीड़ित के परिजनों से संपर्क कर हरसंभव सहायता सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर डीएम चमोली ने पंजाब के तरनतारन जिले के डीएम से संपर्क कर मदद का भरोसा दिलाया। वहीं, राजेश की बहन जो नवांशहर में रहती हैं, उनसे भी संपर्क कर प्रशासन ने हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया है।
क्या है मामला?
राजेश, जो वर्षों से पंजाब के एक तबेले में कार्यरत था, एक वीडियो में भावुक होकर अपना दर्द साझा करता नजर आया। वीडियो में वह खुद को उत्तराखंड के चमोली जिले का निवासी बताते हुए उत्पीड़न की दास्तान सुनाता है। वह बताता है कि किस तरह उसे जबरन काम कराया जा रहा है और उसका शोषण किया गया।
प्रशासन की त्वरित कार्रवाई
वीडियो के वायरल होने के बाद न सिर्फ उत्तराखंड प्रशासन सक्रिय हुआ, बल्कि तरनतारन पुलिस ने तबेला संचालक के खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज कर दी है। चमोली प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पीड़ित को कानूनी व मानवीय सहायता दी जाएगी।
जनता की सुरक्षा सर्वोपरि: सरकार
मुख्यमंत्री धामी ने कहा है कि उत्तराखंड के किसी भी नागरिक के साथ अन्य राज्य में अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि इस मामले में पूरी पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ आगे की कार्रवाई की जाए।