भूस्खलन और उफनती नदियों से बढ़ा खतरा, प्रशासन ने अनावश्यक यात्रा से बचने की दी सलाह

 

 

 

देहरादून: उत्तराखंड में मानसून पूरी तरह सक्रिय है और लगातार हो रही बारिश से पर्वतीय क्षेत्रों में जनजीवन प्रभावित हो रहा है। कई जिलों में भूस्खलन, मलबा और बोल्डर गिरने से सड़कें बाधित हैं, जबकि नदियां और गदेरे उफान पर बह रहे हैं। मौसम विभाग ने सोमवार को राज्य के पांच जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।

मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून के अनुसार देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ भारी बारिश की संभावना है। इसके अलावा अधिकांश पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका भी जताई गई है।

देहरादून में भी बदलेगा मौसम

राजधानी देहरादून में दिनभर आंशिक बादल छाए रहने के साथ एक-दो दौर की हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। शहर का अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।

प्रशासन अलर्ट मोड पर

भारी बारिश की चेतावनी के बाद जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन और संबंधित विभागों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। भूस्खलन से बंद होने वाले मार्गों को प्राथमिकता के आधार पर खोलने और संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखने को कहा गया है।

लोगों से सावधानी बरतने की अपील

प्रशासन ने नागरिकों और यात्रियों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने तथा उफनती नदियों, नालों और गदेरों के किनारे न जाने की अपील की है। चारधाम यात्रा और अन्य पर्वतीय मार्गों पर सफर करने वालों को मौसम की ताजा जानकारी लेने के बाद ही यात्रा शुरू करने की सलाह दी गई है।

लगातार सक्रिय मानसून को देखते हुए मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी राज्य के कई हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना जताई है।

 

 
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