गदरपुर: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहीद शिरोमणि ऊधम सिंह के शहादत दिवस पर गुरुवार को ऊधम सिंह नगर के गदरपुर स्थित कम्बोज धर्मशाला पहुंचकर अमर शहीद ऊधम सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने आयोजित अखंड पाठ में भाग लिया तथा गुरुद्वारे में मत्था टेककर प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद ऊधम सिंह का जीवन अदम्य साहस, राष्ट्रभक्ति और आत्मसम्मान का प्रतीक है। उनका बलिदान देशवासियों को अन्याय के खिलाफ डटकर खड़े होने और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने की प्रेरणा देता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जलियांवाला बाग नरसंहार भारतीय इतिहास का सबसे दर्दनाक अध्यायों में से एक है। उस अमानवीय घटना का प्रतिकार कर शहीद ऊधम सिंह ने पूरी दुनिया के सामने भारत के स्वाभिमान और वीरता का परिचय दिया। उनका त्याग आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रसेवा और बलिदान का संदेश देता रहेगा।
उन्होंने कहा कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब की शिक्षाएं मानवता, सेवा, करुणा, सत्य और भाईचारे का मार्ग दिखाती हैं। यही मूल्य समाज और राष्ट्र को मजबूत बनाने की प्रेरणा देते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के विकास में सिख समाज का महत्वपूर्ण योगदान रहा है और यह समाज सदैव सेवा तथा राष्ट्र निर्माण की भावना से कार्य करता रहा है।
मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि वे शहीद ऊधम सिंह के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं और राष्ट्र के विकास एवं एकता को मजबूत बनाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
इस अवसर पर प्रभारी मंत्री प्रदीप बत्रा, विधायक अरविंद पाण्डेय, शिव अरोरा और त्रिलोक सिंह चीमा, भाजपा जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, मेयर विकास शर्मा, दीपक बाली, दर्जा राज्य मंत्री अनिल कपूर डब्बू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।

