देहरादून: राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के विभागाध्यक्ष एवं सदस्य सचिव राजेंद्र सिंह ने शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन धराली और आसपास के क्षेत्रों में राहत-बचाव कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने ग्राउंड जीरो पर अभियान की प्रगति देखी और सड़क, संचार व बिजली बहाली पर राज्य सरकार के प्रयासों की जानकारी ली।
राजेंद्र सिंह ने कहा कि उत्तराखंड को केंद्र स्तर से सर्वोच्च प्राथमिकता पर सहयोग दिया जाएगा। रेस्क्यू में आ रही चुनौतियों के समाधान और एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय के निर्देश दिए।
मुख्य बिंदु:
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हेलिकॉप्टर से राहत: हर्षिल घाटी में फंसे लोगों को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।
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संसाधन तैनाती: डोज़र, ग्राउंड पेनेट्रेटिंग रडार और अन्य उपकरण MI-17 व चिनूक हेलिकॉप्टर से प्रभावित स्थानों पर भेजे जाएंगे।
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कमांड पोस्ट सक्रिय करने के निर्देश: मिलिट्री, सिविल और इंसिडेंट कमांड पोस्ट को जल्द चालू करने पर जोर।
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सेक्टर-वार तैनाती: राहत दलों की सेक्टर के अनुसार तैनाती सुनिश्चित करने को कहा।
आगे की कार्ययोजना:
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विशेषज्ञ दल का अध्ययन दौरा: आपदा के कारणों का अध्ययन करने के लिए जल्द विशेषज्ञ टीम भेजी जाएगी।
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वित्त आयोग सिफारिश: पुनर्निर्माण में धन की कमी न हो, इसके लिए विशेष प्रावधान की सिफारिश की जाएगी।
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डॉप्लर राडार: हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और औली में जल्द डॉप्लर राडार लगेंगे, मौसम पूर्वानुमान में मदद मिलेगी।
