TMP: राजस्थान के चुरू जिले के रतनगढ़ में भारतीय वायुसेना का जगुआर फाइटर प्लेन सोमवार सुबह अचानक क्रैश हो गया। हादसा भानुदा गांव के पास हुआ, जहां जोरदार धमाके की आवाज सुनाई देने के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हादसे में प्लेन सवार दोनों पायलटों की मौत हो गई है।
मौके पर जुटी भीड़, पुलिस और हेलीकॉप्टर पहुंचे
प्लेन क्रैश की सूचना मिलते ही राजलदेसर पुलिस थाने की टीम मौके पर रवाना हुई और आसपास के ग्रामीणों की भीड़ घटनास्थल पर जमा हो गई। हादसे के तुरंत बाद भारतीय वायुसेना ने राहत और बचाव कार्य के लिए दो हेलीकॉप्टर घटनास्थल की ओर भेजे।
वायुसेना ने की हादसे की पुष्टि
भारतीय वायुसेना (IAF) ने भी इस हादसे की पुष्टि की है। वायुसेना के मुताबिक, यह हादसा रूटीन ट्रेनिंग मिशन के दौरान हुआ, जब जगुआर फाइटर प्लेन चुरू के पास तकनीकी कारणों से दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे की असल वजह का पता लगाने के लिए कोर्ट ऑफ इंक्वायरी के आदेश दिए गए हैं।
सूरतगढ़ से भरी थी उड़ान
जानकारी के अनुसार, इस लड़ाकू विमान ने सूरतगढ़ एयरबेस से उड़ान भरी थी और ट्रेनिंग मिशन पर था। उड़ान के दौरान तकनीकी खराबी आने के बाद रतनगढ़ के पास विमान ने नियंत्रण खो दिया और क्रैश हो गया, जिससे दोनों पायलटों की जान चली गई।
पहले भी हादसों का शिकार हो चुका है जगुआर
यह पहला मौका नहीं है जब भारतीय वायुसेना का जगुआर फाइटर प्लेन हादसे का शिकार हुआ हो। इससे पहले अप्रैल में जामनगर एयरफील्ड से उड़ान भरने वाला जगुआर तकनीकी खराबी के कारण क्रैश हुआ था। वहीं, 7 मार्च को हरियाणा के अंबाला में भी इसी प्रकार का हादसा हुआ था। इन हादसों ने वायुसेना के जगुआर फ्लीट की तकनीकी विश्वसनीयता को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।

