रानीखेत: कैंट क्षेत्र में सफाई व्यवस्था से जुड़े एक कर्मचारी के साथ कथित मारपीट का मामला सोमवार शाम अचानक गरमा गया। घटना के विरोध में वाल्मीकि समाज के लोगों ने गांधी चौक पर पहुंचकर प्रदर्शन किया और नारेबाजी के बीच धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी व्यापारी को सार्वजनिक रूप से माफी मांगने के लिए सामने लाने की मांग की।
वाल्मीकि समाज के मुताबिक, छावनी परिषद के पर्यावरण मित्रों के मुंशी मोहित राजौरिया सोमवार शाम गांधी चौक से केमू स्टेशन रोड की तरफ सफाई व्यवस्था का काम देख रहे थे। इसी दौरान करीब चार बजे किसी बात को लेकर व्यापारी सतीश अग्रवाल से उनका विवाद हो गया। समाज की ओर से आरोप लगाया गया कि कहासुनी के दौरान व्यापारी ने मोहित को थप्पड़ मारा और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया।
समझाने के बावजूद धरने पर डटे लोग
विवाद के बाद दोनों पक्षों के बीच मामला सुलझाने की कोशिश हुई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि आरोपी व्यापारी से माफी मांगने के लिए कहा गया, लेकिन बात नहीं बनी। इसके बाद वाल्मीकि समाज के लोग सफाईकर्मियों के समर्थन में गांधी चौक पहुंच गए।
सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को बताया कि संबंधित व्यापारी को कोतवाली बुला लिया गया है और बातचीत के जरिए मामला सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि प्रदर्शनकारी गांधी चौक पर सार्वजनिक माफी की मांग पर अड़े रहे।
गिरफ्तारी की मांग, पुलिस ने संभाली स्थिति
प्रदर्शनकारियों ने आरोपी की गिरफ्तारी की मांग भी उठाई। स्थिति बिगड़ने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों को शांत कराने का प्रयास किया और उन्हें कोतवाली में अपनी शिकायत रखने के लिए कहा।
देर शाम तक गांधी चौक तिराहे पर प्रदर्शन जारी रहा। पुलिस ने व्यापारी को कोतवाली में बुलाकर दोनों पक्षों के बीच बातचीत की कोशिश शुरू की। मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी रही।
