देहरादून: उत्तराखंड में एक बार फिर कोरोना संक्रमण की रफ्तार बढ़ती दिख रही है। रविवार को देहरादून में 52 वर्षीय एक महिला में कोविड-19 संक्रमण की पुष्टि हुई है। राहत की बात यह है कि महिला की स्थिति सामान्य है और वह होम आइसोलेशन में रहकर उपचार ले रही हैं।
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि महिला की कोई ट्रैवल हिस्ट्री नहीं है और उन्होंने एक निजी लैब में जांच कराई थी। राज्य में अब तक कुल 34 कोरोना मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें से 26 देहरादून, एक हरिद्वार और सात अन्य मामले ऐसे हैं जिनमें संक्रमित मरीज राज्य से बाहर जा चुके हैं।
फिलहाल 6 सक्रिय केस, केवल एक मरीज अस्पताल में भर्ती
प्रदेश में वर्तमान में छह सक्रिय कोरोना केस हैं, जिनमें से केवल एक मरीज को अस्पताल में भर्ती किया गया है। बाकी पांच मरीजों को होम आइसोलेशन में रखा गया है और वे सामान्य लक्षणों के साथ स्वस्थ हो रहे हैं।
विशेषज्ञों की राय: गंभीर चिंता की बात नहीं
कोरोना की इस वापसी को लेकर विशेषज्ञों ने फिलहाल घबराने की आवश्यकता नहीं बताई है। स्टेट नोडल अधिकारी डॉ. पंकज के अनुसार, “कोविड-19 अब एंडेमिक बन चुका है और इसका व्यवहार सामान्य वायरल बुखार जैसा है।” उन्होंने बताया कि राज्य में कोरोना की दैनिक संक्रमण दर महज 0.6 से 0.8 प्रतिशत के बीच है।
डॉ. पंकज ने यह भी स्पष्ट किया कि अब सामान्य सर्दी-जुकाम की स्थिति में भी कोविड जांच की जा रही है, जिससे मामले अधिक सामने आ रहे हैं, लेकिन अधिकतर मरीजों में लक्षण बेहद हल्के हैं। देहरादून और हरिद्वार के कुल 27 मामलों में सिर्फ तीन को ही अस्पताल में भर्ती करने की जरूरत पड़ी।
स्वास्थ्य विभाग की अपील: मास्क लगाएं, सतर्क रहें
कोरोना मामलों में उभार के बीच स्वास्थ्य विभाग ने जनता से सावधानी बरतने की अपील की है। विभाग ने कहा है कि मास्क पहनें, भीड़ से बचें और हाथों की सफाई को आदत बनाएं। साथ ही हल्के लक्षण होने पर भी कोरोना की जांच कराएं।
उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण फिर से सिर उठाने लगा है, लेकिन स्थिति अभी नियंत्रण में है। जागरूकता, सावधानी और स्वास्थ्य प्रोटोकॉल का पालन ही इस संक्रमण से सुरक्षा की सबसे बड़ी ढाल है।
